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ऐसे, करीब आने की बात करता है।

Yunush khan

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            वो आते ही, जाने की बात करता है।
        
                                                    
                            
ऐसे, करीब आने की बात करता है।।

लबों की तपिश का, इल्म नहीं उसे।
वो क्यूं, मयखाने की बात करता है।।

मेरी खुशियों से , उसे सरोकार नहीं।
पर बज़्म सजाने की बात करता है।।

वो चाहता नहीं, मेरे घर उजाला हो।
हां , दीप जलाने की बात करता है।।
-यूनुस खान
3 सप्ताह पहले
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