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मिट्टी का रहस्य

Sooba Lal

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            इस मिट्टी के किस गुण का
        
                                                    
                            
विस्तार किया जाए।
इसमें इतने गुण है कि,
कोई पार नहीं पाए।

जीवन दायिनी होकर भी,
उसको फिर वापस लेती है।
दुनिया के रंग ए महफ़िल का
मजा भी यही देती है।

एक सीमा में बांध रखा है,
उससे बढ़ने न देती है।
वह किसान बन कहती है,
यह नित प्रति अपनी खेती है।
-सूबा लाल "अंजाना"
एक महीने पहले
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