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ये समाज की घिनौनी सोच है

pankhuri singh

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            एक गृहिणी पूरा घर संभालती है
        
                                                    
                            
अपना पूरा वक्त झोंक देती उसे संवारने में
वो वक्त जिसपर केवल उसका अधिकार है
फिर भी उसको गर तिरस्कृत करते हैं
तो ये समाज की घिनौनी सोच है।
 -सरिता सिंह
5 दिन पहले
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