विज्ञापन

सुकून भरी मुस्कान।

NIHALIKA K

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            ख्वाब का मेरे
        
                                                    
                            
है पहला सफर,
धीरे-धीरे पूरी करूँगी
सारी डगर।
इक मैं
और मेरी दोस्त,
न कोई आस
न कोई पास,
इक अंधेरी शाम थी
बस हमारे नाम।
दो पल का साथ
खुशियों भरा एहसास
सफर का छोटा कदम,
आँखों में चमक
सुकून भरी मुस्कान।
1 सप्ताह पहले
विज्ञापन

विशेष

आज के शीर्ष कवि Show all