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धागे का बंधन रक्षाबंधन

jitendra kumar Sarkar

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            सूरजमुखी-सा, भाई के माथे पे चंदन
        
                                                    
                            
इक कलेजे की डोर, माँ का इक नंदन
धागे में सिमटी है उसकी कलाई
धागे का अटूट बंधन,है रक्षाबंधन
2 महीने पहले
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