सच्चे साहित्यकार
का कलम है हथियार
कलम के सामने है कमजोर तलवार
कलम हाथ में है
तो ईश्वर साथ में हैं
बच्चों को कलम दो
बड़ों को कलम दो
बुढ़ों को कलम दो
कलम के धार
के सामने फीकी है तलवार।
- सहज कुमार