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रावण दहन और आत्ममंथन

अभिषेक सिंह

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            जल गया रावण फिर से
        
                                                    
                            
हो गया, बुराई का अंत ?
क्या अब कुकर्म नही होगा??
न होंगी कोई महिला बेबस !
हर साल रावण को जलाया
पर बुराई का अंत कहाँ हो पाया ??
पूछ रहा है रावण भीड़ से
मुझ पर तीर चला रहे
क्या "राम सदृश हो"??
अंत जिस राम ने मुझे किया
वो निश्छल न्याय श्री सज्जन था
तुम स्वार्थी, लोभी कपटी
मैं तुम्हारे अंदर बैठा
वध क्या अपना कर पाओगे??
कर पाओ तो ही अंत बुराई का होगा
बेशक दहन तो होगा रावण
पर बुराई का अंत न होगा??
1 सप्ताह पहले
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