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मेरे दो अरमान हैं

Anonymous User

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            एक मेरी खुशी बन गई है दूसरी बन गई है सांसें
        
                                                    
                            
शुक्रिया अदा करती हूं उस खुदा का, मेरे दो अरमान हैं
अर्ली मेरा गर्व बनी अक्षू बन गई मेरी शान है
मेरे दो अरमान हैं

इन दोनों को प्यार से पालूंगी मैं
अपनी सारी खुशियां लुटा दूंगी मैं
जग क्या कहता और क्या सोचे
अपना जो फर्ज है निभाऊंगी मैं

दुनिया जब पूछेगी मेरी खुशियों का राज
तो हंस कर बताऊंगी मेरी बेटियों का साथ

घर में रौनक है हलचल है
अर्ली सुबह की पहली किरण है
किसी का कैसे ना मन डोले
अक्षू शाम का मीठा भजन है

एक मेरी जिद है एक मेरी जान है
यही मां की दुनिया यही आसमान है
जब कोई पूछेगा नाम क्या है इनका
सीना तान बताऊंगी अली और गीत है

 
2 महीने पहले
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