नौकरी छोड़ो, जिंदगी जियो: 65 तक क्यों करें इंतजार?, Gen-Z के बीच बढ़ रहा ‘Mini Retirement’ का ट्रेंड
Gen-Z के बीच ‘Mini Retirement’ का ट्रेंड बढ़ रहा है, जिसमें युवा करियर के दौरान कुछ महीनों से एक साल तक का ब्रेक लेते हैं। आइए जानतें हैं कि लोग इसके लिए पैसे कैसे जुटाते हैं? क्या करियर के बीच में लंबा ब्रेक लेना सही फैसला है या इससे नौकरी और भविष्य पर असर पड़ सकता है? पढ़ें पूरी खबर
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सोचिए किसी ने 40 साल तक नौकरी की और उसके बाद रिटायर हो गए। लेकिन Gen-Z इस पुराने फॉर्मूले को ही बदलने में लगे हैं। वे कहते हैं कि रिटायर होने का इंतजार क्यों करें? 65 की उम्र में आराम करने से बेहतर है, जिंदगी के बीच में भी थोड़ा ब्रेक लिया जाए। इसी सोच से आया है एक नया ट्रेंड-Mini Retirement। हालांकि इसे पिछली पीढ़ी ईयर गैप जैसा देख रहा है।
आंकड़े भी इस बदलाव की तस्वीर दिखाते हैं। 2025 की एक रिपोर्ट के मुताबिक, 47% Gen-Z कर्मचारियों ने कहा कि वे अगले पांच वर्षों में नौकरी से लंबा ब्रेक लेने की योजना बना रहे हैं।
तो आइए जानतें हैं कि आखिर Mini Retirement होता क्या है? लोग इसके लिए पैसे कैसे जुटाते हैं? और सबसे बड़ा सवाल क्या करियर के बीच में लंबा ब्रेक लेना सही फैसला है या इससे नौकरी और भविष्य पर असर पड़ सकता है?
क्या है Mini Retirement?
Mini Retirement का मतलब है नौकरी से जानबूझकर लिया गया लंबा ब्रेक, जो आमतौर पर एक महीने से लेकर एक साल तक हो सकता है। लेकिन ये अचानक नौकरी छोड़ देना या बेरोजगार होना नहीं है। इसमें पहले से प्लानिंग होती है और ब्रेक लेने का कोई खास मकसद भी होता है।
कोई इस दौरान Travel करना चाहता है, तो कोई अपना Creative काम शुरू करना चाहता है। कुछ लोग परिवार की देखभाल, खुद पर ध्यान देने या बस कुछ समय की धीमी और सुकून भरी जिंदगी के लिए भी Mini Retirement लेते हैं।
कहां से आया Mini Retirement का आइडिया?
Mini Retirement का आइडिया नया नहीं है। इसे 2007 में आई Tim Ferriss की किताब The 4-Hour Workweek ने काफी लोकप्रिय बनाया था। उनका कहना था कि पूरी जिंदगी काम करने के बाद बुढ़ापे में आराम करने के बजाय, कामकाजी जिंदगी के दौरान ही छोटे-छोटे ब्रेक लेना ज्यादा बेहतर हो सकता है। अब Gen-Z ने इसी आइडिया को अपने तरीके से अपना लिया है।
Gap Year से अलग कैसे है?
Gen-Z के लिए Mini Retirement और पुराने Gap Year में सबसे बड़ा फर्क है। ये लोग कॉलेज के बाद नहीं, बल्कि करियर शुरू करने के बाद ब्रेक ले रहे हैं। इनके पास नौकरी, जिम्मेदारियां और करियर की पहचान होती है।

Gen-Z ही इस ट्रेंड को क्यों अपना रही है?
1. Burnout कम उम्र में ही शुरू हो गया
Gen-Z ने अपने करियर की शुरुआत कोरोना महामारी के दौरान या उसके ठीक बाद की है। उस समय नौकरी की अनिश्चितता, आर्थिक परेशानियां, लंबे समय तक घर से काम करना और लगातार तनाव जैसी कई चुनौतियां थीं। इसका असर युवाओं की मानसिक स्थिति पर भी पड़ा। Deloitte की 2023 Global Gen Z Survey के मुताबिक, 46% Gen-Z युवाओं ने कहा कि वे हर समय या ज्यादातर समय तनाव या चिंता महसूस करते हैं।
2. Remote और Freelance Work ने इसे आसान बनाया
वर्क फ्रॉम होम और Remote Work के बढ़ते चलन ने करियर से ब्रेक लेना पहले के मुकाबले आसान कर दिया है। अब लंबे ब्रेक के बाद नौकरी में वापस लौटना उतना मुश्किल नहीं माना जाता। इसके अलावा, कई युवा Freelancing, Side Hustle या अपने छोटे बिजनेस से कमाई जारी रखते हैं। कुछ लोग पहले से सेविंग करके रखते हैं और फिर उसी पैसे से Mini Retirement का खर्च चलाते हैं।
3.Traditional Career अब उतना Secure नहीं लगता
Gen-Z ने अपने आसपास की पिछली पीढ़ियों को ले ऑफ, आर्थिक संकट और सेविंग्स खत्म होने जैसी परेशानियों से गुजरते देखा है। घर खरीदना, एक ही कंपनी में दशकों तक काम करना और रिटायरमेंट के लिए पैसे जोड़ना। ये चीजें अब पहले जितनी सुरक्षित नहीं लगती हैं। इसी वजह से कई युवा अपनी प्राथमिकताएं बदल रहे हैं। उनके लिए सिर्फ एक कंपनी के साथ लंबे समय तक टिके रहना ही सफलता नहीं है। वे करियर के साथ Travel, नए Experiences और अपनी पसंद की जिंदगी जीने को भी महत्व दे रहे हैं।
4. Social Media ने इसे Popular बना दिया
Gen-Z के बीच Mini Retirement के बढ़ते चलन में सोशल मीडिया का भी बड़ा रोल है। YouTube पर कई युवा क्रिएटर्स अपने Career Break, Travel और नई लाइफस्टाइल को लोगों के साथ शेयर कर रहे हैं।
Mini Retirement के लिए पैसे कैसे जुटाते हैं?
1. Savings यानी पहले से पैसे जमा करना
सबसे आसान तरीका है कि Mini Retirement लेने से पहले अच्छी-खासी सेविंग कर ली जाए। कई लोग ब्रेक लेने से करीब 12 से 24 महीने पहले ही पैसे बचाना शुरू कर देते हैं। इस दौरान वे गैर-जरूरी खर्च कम करते हैं, कमाई बढ़ाने की कोशिश करते हैं और एक तय Savings Target बनाते हैं।
2. Freelancing या Remote Work से कमाई
Mini Retirement का मतलब यह जरूरी नहीं कि कमाई पूरी तरह बंद हो जाए। कुछ लोग Full-Time नौकरी छोड़कर Part-Time Freelancing, Consulting या Contract Work शुरू कर देते हैं। इससे उन्हें काम के बीच ज्यादा फ्रीडम और फ्लेक्सिबिलिटी मिलती है। इसके साथ ही कुछ कमाई भी होती रहती है। यानी काम का प्रेशर कम, समय ज्यादा और इनकम का सिलसिला भी जारी।
3. कम खर्च वाली जगह जाकर रहना
Mini Retirement के दौरान कुछ लोग Geographic Arbitrage का तरीका अपनाते हैं। यानी वे ऐसी जगह पर जाकर रहते हैं, जहां रोजमर्रा का खर्च उनके अपने शहर या देश के मुकाबले कम हो।
4. नौकरी छोड़ने पर मिलने वाला पैसा
कुछ लोगों को नौकरी खत्म होने या कंपनी से बाहर निकलने के बाद Severance Package या Redundancy Payout के तौर पर एकमुश्त रकम मिलती है। ऐसे लोग इस रकम का एक हिस्सा Mini Retirement के दौरान अपने खर्चों के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं।
Mini Retirement में लोग करते क्या हैं?
Mini Retirement का मतलब सिर्फ नौकरी छोड़कर घर बैठना नहीं है। हर व्यक्ति अपने मकसद और जरूरत के हिसाब से इस ब्रेक का इस्तेमाल करता है। कोई घूमता है, कोई खुद पर काम करता है, तो कोई अपने परिवार के साथ समय बिताता है।
1. लंबे समय तक Travel
कुछ लोग कई महीनों के लिए अलग-अलग देशों में घूमने निकल जाते हैं। खर्च कम रखने के लिए Hostel, House-sitting या Budget Accommodation का सहारा लेते हैं।
2. अपने Passion पर काम
नौकरी के दौरान जिन चीजों के लिए समय नहीं मिल पाता, इस ब्रेक में उन पर फोकस किया जाता है। जैसे किताब लिखना, कोई Creative Business शुरू करना या नई स्किल सीखना।
3. Health और Recovery
लगातार काम के तनाव से ब्रेक लेकर कई लोग अपनी Physical और Mental Well-being पर ध्यान देते हैं। खासकर वे लोग जो लंबे समय से हाई-प्रेशर वाली नौकरी कर रहे होते हैं।
4. परिवार के साथ समय बिताना
कुछ लोगों के लिए Mini Retirement का मतलब परिवार के साथ ज्यादा वक्त बिताना है। जैसे, माता-पिता के साथ समय बिताना या परिवार के साथ ज्यादा मौजूद रहना।
5. Career को नए सिरे से समझना
कई लोग इस समय का इस्तेमाल यह तय करने में करते हैं कि आगे करियर में क्या करना है। वे नए Courses करते हैं, Volunteer Work करते हैं या किसी दूसरी Industry को करीब से समझने की कोशिश करते हैं।
करियर पर क्या असर पड़ सकता है?
Mini Retirement लेने से पहले ज्यादातर लोगों के मन में सबसे बड़ा सवाल होता है कि इतने लंबे करियर गैप के बाद क्या मुझे दोबारा नौकरी मिलेगी? अच्छी बात ये है कि करियर ब्रेक को अब पहले की तरह हमेशा निगेटिव नहीं माना जाता।
LinkedIn की 2022 Career Break initiative के बाद लोग अपने प्रोफाइल पर Career Break को खुलकर दिखा सकते हैं। कई Employers के लिए ऐसा ब्रेक Self-awareness, Initiative और Personal Growth का संकेत भी हो सकता है। खासकर तब, जब उम्मीदवार बता सके कि उसने उस दौरान क्या किया और क्या सीखा।
तो Career Break लेने से पहले क्या करें?
- सबसे जरूरी है कि प्रोफेशनल नेटवर्क से जुड़े रहें। अपनी स्किल और Certifications को अपडेट रखें और ब्रेक के दौरान किए गए काम या सीखी गई चीजों को संभालकर रखें।
- जब इंटरव्यू में करियर के बारे में सवाल हो, तो उसे छिपाने के बजाय आत्मविश्वास के साथ बताएं कि आपने ब्रेक क्यों लिया और उस दौरान क्या हासिल किया।
क्या Mini Retirement आपके लिए सही है?
Mini Retirement हर किसी के लिए जरूरी नहीं है। यह तभी अच्छा फैसला हो सकता है, जब आपके पास ब्रेक लेने की साफ वजह, पर्याप्त सेविंग्स और दोबारा काम पर लौटने का प्लान हो। अगर इन तीनों चीजों की तैयारी नहीं है, तो लंबे समय तक नौकरी से दूर रहना आर्थिक और करियर दोनों के लिए मुश्किल हो सकता है।
खुद से ये 3 सवाल जरूर पूछें:
1. क्या मेरे पास पर्याप्त Savings हैं?
2. क्या मुझे पता है कि इस ब्रेक में करना क्या है?
3. क्या मैंने वापस नौकरी में आने की तैयारी की है?