गोहाना रोड स्थित रिहायशी क्षेत्र के पास बने बायोगैस प्लांट को लेकर विरोध लगातार तेज होता जा रहा है। रविवार सुबह से ही कॉलोनीवासियों और सामाजिक संगठनों ने प्लांट के सामने धरना शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि प्लांट के संचालन से आसपास के क्षेत्र में धुआं और बदबू फैल रही है, जिससे लोगों को आंखों और गले में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों ने आरोप लगाया कि प्लांट स्थापित करने से पहले आसपास के निवासियों से कोई राय या आपत्ति नहीं ली गई। अब जब इसके दुष्प्रभाव सामने आने लगे हैं तो लोगों में बच्चों और परिवार की सेहत को लेकर चिंता बढ़ गई है। नरेश भनवाला, बिजेंद्र दहिया, सतबीर कुंडू, यशपाल सिंह, सूबेदार महेंद्र सिंह, राजबीर फौजी, संजय अलेवा और नरेंद्र गौतम ने कहा कि बायोगैस प्लांट को आबादी से दूर स्थापित किया जाना चाहिए था। उनका कहना है कि यदि इस स्थान पर अस्पताल, विश्वविद्यालय या अन्य सार्वजनिक सुविधा बनाई जाती तो किसी को आपत्ति नहीं होती, लेकिन रिहायशी क्षेत्र के बीच इस तरह का प्लांट लोगों की सेहत के लिए खतरा बन सकता है। धरने पर बैठे लोगों ने कहा कि सरकार को आम जनता की चिंताओं को गंभीरता से लेना चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि पराली जलाने पर किसानों के खिलाफ कार्रवाई होती है, लेकिन प्लांट से निकलने वाले धुएं पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा। महापंचायत में निर्णय लिया जाएगा कि प्लांट को बंद कराने के लिए कोर्ट का सहारा लिया जाए या फिर बड़ा जनआंदोलन शुरू किया जाए।