मुसाफिरखाना तहसील में प्रदर्शन करते अधिवक्ता। स्रोत : स्थानीय नागरिक
मुसाफिरखाना। बार एसोसिएशन के बैनर तले एसडीएम अभिनव कनौजिया के खिलाफ अधिवक्ताओं का विरोध-प्रदर्शन मंगलवार को भी जारी रहा। तहसील परिसर में जुलूस निकालकर नारेबाजी करते हुए अधिवक्ताओं ने एसडीएम पर आय से अधिक संपत्ति, कार्यालय में देर शाम वाइन पार्टी करने और बिना सुविधा शुल्क काम न करने जैसे गंभीर आरोप लगाए। अधिवक्ताओं ने कहा कि उच्चस्तरीय जांच व स्थानांतरण की मांग पूरी होने तक आंदोलन समाप्त नहीं होगा।
30 दिसंबर से एसडीएम की कार्यशैली को लेकर शुरू हुआ वकीलों का आक्रोश थमने का नाम नहीं ले रहा है। लगातार कई दिनों से अधिवक्ता न्यायिक कार्य से विरत रहकर प्रदर्शन कर रहे हैं। इसके चलते तहसील में वादकारियों को परेशानी हो रही है। मंगलवार को भी अधिवक्ताओं ने तहसील परिसर में एसडीएम की कार्यप्रणाली के खिलाफ विरोध दर्ज कराया। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष वेद प्रकाश शुक्ल की अगुवाई में अधिवक्ताओं ने तहसील प्रशासन पर मनमानी और अधिवक्ताओं की उपेक्षा का आरोप लगाया।
वेद प्रकाश शुक्ल ने बताया कि मंगलवार को अधिवक्ता संघ के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर पूरे मामले की जानकारी दी। डीएम ने प्रकरण की जांच कराने और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई का आश्वासन दिया है। इसके बावजूद अधिवक्ताओं ने अपनी प्रमुख मांगों के पूरा होने तक आंदोलन जारी रखने की बात कही है। प्रदर्शन में राजन सिंह, सतीश सिंह, संजय शुक्ल, संजय मिश्र आदि अधिवक्ता मौजूद रहे। किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए तहसील परिसर में थाना प्रभारी विवेक कुमार सिंह पुलिस बल के साथ तैनात रहे।
वहीं एसडीएम अभिनव कनौजिया ने आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि वह शराब का सेवन नहीं करते हैं। अधिवक्ता उनके खिलाफ गलत आरोप लगाकर बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं। उनके अनुसार मनमाफिक कार्य न होने पर इस तरह के आरोप लगाए जा रहे हैं।