Redmi Note 7 में 48MP कैमरे का दावा कहीं एक छलावा तो नहीं?

चीन की स्मार्टफोन निर्माता कंपनी शाओमी ने हाल ही में चीन में रेडमी नोट 7 स्मार्टफोन लांच किया है। शाओमी से अलग ब्रांड होने के बाद रेडमी नोट 7, रेडमी का पहला स्मार्टफोन है। रेडमी नोट 7 की बाजार में काफी चर्चा है, क्योंकि इस फोन में किफायती कीमत पर 48 मेगापिक्सल का कैमरा मिल रहा है। वहीं शाओमी ने दावा किया है कि चीन में पहली सेल में रेडमी नोट 7 के 1 लाख यूनिट्स बिक गए हैं और वह भी सिर्फ 9 मिनट में। वहीं कंपनी ने 15 दिनों में 10 लाख रेडमी नोट 7 बेचने का लक्ष्य रखा है।
जैसा कि आप सभी लोग जानते हैं कि Redmi Note 7 में डुअल रियर कैमरा है जिसमें एक कैमरा 48 मेगापिक्सल का और दूसरा 5 मेगापिक्सल का है, साथ ही रेडमी नोट 7 में क्वॉलकॉम का स्नैपड्रैगन 660 प्रोसेसर है। तो अब सवाल यह है कि क्या स्नैपड्रैगन 660 प्रोसेसर 48 मेगापिक्सल का कैमरा सपोर्ट करता है? तो आइए क्वॉलकॉम के स्नैपड्रैगन 660 प्रोसेसर के फीचर्स के बारे में विस्तार से जानते हैं और साथ ही इसकी भी पड़ताल करेंगे कि रेडमी नोट 7 वास्तव में 48 मेगापिक्सल का कैमरा सपोर्ट कर पाएगा या नहीं?

क्वॉलकॉम स्नैपड्रैगन 660 के फीचर्स
Qualcomm की आधिकारिक वेबसाइट पर qualcomm.com पर दी गई जानकारी के मुताबिक स्नैपड्रैगन 660 चिपसेट (प्रोसेसर) की क्लॉक स्पीड 1.95 गीगाहर्ट्ज से लेकर 2.2 गीगाहर्ट्ज के बीच है और यह एक ऑक्टाकोर प्रोसेसर है जिसमें 14 नैनोमीटर प्रोसेसिंग टेक्नोलॉजी दी गई है। यह चिपसेट एड्रेनो 512 जीपीयू ग्राफिक्स से लैस है और यह 3डी गेमिंग को सपोर्ट करता है।
कितने मेगापिक्सल तक के कैमरे को सपोर्ट करता है क्वॉलकॉम स्नैपड्रैगन 660 ?
अब सवाल यह है कि क्वॉलकॉम का स्नैपड्रैगन 660 प्रोसेसर कितने मेगापिक्सल तक के कैमरे को सपोर्ट करता है तो इसका जवाब है कि यह प्रोसेसर अधिकतम 25 मेगापिक्सल तक का सिंगल कैमरा सपोर्ट करता है और 16 मेगापिक्सल का डुअल कैमरा सपोर्ट करता है। इसकी जानकारी क्वॉलकॉम की आधिकारिक वेबसाइट पर दी गई है।

जबकि रेडमी नोट 7 में भी यही प्रोसेसर है लेकिन शाओमी 48 मेगापिक्सल कैमरे देने का दावा करती है। क्वॉलकॉम के मुताबिक यदि स्नैपड्रैगन 660 प्रोसेसर वाले फोन में 25 मेगापिक्सल से अधिक मेगापिक्सल वाला कैमरा इस्तेमाल होता है तो कैमरे में अटकने जैसी समस्या आ सकती है या फिर कैमरे की शटर स्पीड भी कम हो सकती है। साथ ही फोटो की क्वालिटी खराब हो सकती है और फास्ट फोकसिंग में दिक्कत आ सकती है।