Indore News: शहर में बेलगाम बसों से बिगड़ रहा ट्रैफिक, कार्रवाई से दूर ट्रैवल्स कंपनियां; रोज लग रहा जाम
इंदौर में बसें सड़कों पर खड़ी होकर ट्रैफिक जाम लगा रही है और लोगों की सुरक्षा को भी खतरे में डाल रही हैं। हाल ही में हंस ट्रैवल्स के गोदाम में एक महिला सफाईकर्मी पर 100 किलो पार्सल फेंकने की घटना सामने आई है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
इंदौर में ट्रैफिक पुलिस जहां दिनभर दोपहिया वाहन चालकों के चालान काटती नजर आती है, वहीं शहर में संचालित अंतरराज्यीय बसों पर उसका कोई प्रभाव दिखाई नहीं देता। सुबह और शाम के व्यस्त समय में कई बसें सड़कों पर खड़ी होकर ट्रैफिक व्यवस्था बिगाड़ती हैं। इतना ही नहीं, बसों के जरिए गैरकानूनी तरीके से लाया गया सामान और पार्सल बीच सड़क पर ही उतार दिया जाता है।
रविवार को हंस ट्रैवल्स के गोदाम में एक गंभीर घटना सामने आई। यहां एक कर्मचारी ने 100 किलो वजनी पार्सल महिला सफाईकर्मी पर फेंक दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। मामले में पुलिस ने हत्या के प्रयास का केस दर्ज कर तीन लोगों को गिरफ्तार किया है और गोदाम को भी सील कर दिया है।
शहर में हंस ट्रैवल्स समेत कई ट्रैवल्स कंपनियां रोजाना सैकड़ों किलो पार्सल अलग-अलग राज्यों तक पहुंचाती हैं, लेकिन इनके सामान की कोई प्रभावी जांच नहीं होती। कई बार बसों के जरिए हवाला का पैसा ले जाए जाने के मामले भी सामने आ चुके हैं।
पढ़ें: नर्मदा में मौत का भंवर: दोस्तों के सामने गहरे पानी में समाया 18 साल का कैलाश, घाट पर मची चीख-पुकार; तलाश जारी
आधी सड़क घेरकर खड़ी होती हैं बसें
ढक्कनवाला कुएं के पास हंस ट्रैवल्स की बसें आधे से ज्यादा सड़क घेरकर खड़ी रहती हैं, जिससे अन्य वाहन चालकों को निकलने में परेशानी होती है। कई शिकायतों के बावजूद ट्रैफिक पुलिस ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। यही स्थिति बॉम्बे अस्पताल चौराहा, स्टार चौराहा और रेडिसन चौराहा पर भी देखने को मिलती है, जहां बसें सड़क किनारे खड़ी होकर लंबा जाम लगवाती हैं। शाम के समय ट्रैफिक दबाव बढ़ने पर स्थिति और खराब हो जाती है।
बस का परमिट हो सकता है निरस्त
महिला सफाईकर्मी पर पार्सल फेंकने की घटना के बाद कर्मचारियों पर तो केस दर्ज हो गया, लेकिन हंस ट्रैवल्स के खिलाफ अब तक कोई बड़ी कार्रवाई नहीं हुई है। जिस बस की छत से पार्सल फेंका गया, उसे सामान ढोने की अनुमति नहीं थी। ऐसे में परिवहन विभाग बस का परमिट निरस्त करने के साथ उसे जब्त भी कर सकता है।
