हम देख रहे
अट्टहास के भीतर भी ग़म देख रहे |
यम देख रहे
ख़ुशियाँ चूड़ी तोड़ें मातम देख रहे |
नम देख रहे
नैनों को कैसा अब हरदम देख रहे |
बम देख रहे
रक्तपात हिन्सा का मौसम देख रहे
खम देख रहे
डूब रही धड़कन के उत्क्रम देख रहे |
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