जब घर की रौनक चली जाए
समझ लेना बच्चे हाॅस्टल चले गए हैं
पता नहीं परदेश जाने के बाद
मेरा क्या होगा
~~राजेश्वर
- हम उम्मीद करते हैं कि यह पाठक की स्वरचित रचना है। अपनी रचना भेजने के लिए यहां क्लिक करें।
कमेंट
कमेंट X