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भुला कर तुम्हें गुनाह मैं भी कर सकता

                
                                                         
                            करके इनकार वफाएं सारी खुद को खुदा समझने लगे समझ कर हमें गैर मोहब्बत मेरी तुम नाकाम करने लगे
                                                                 
                            
हम इतने खुशनसीब जो सामने तेरे दर्द कुछ कह पाऊं करके तुम अब कोशिश नाकाम हमें बदनाम करने लगे
मुश्किलें मेरी होती आसान कहां ये तुम भी जानते हो समझ के अंदाज़ आपका बढ़ा के दर्द गिला अब करने लगे
हालांकि आकर तमन्नाओं के बहकावे मे चोट बहुत खाए गुज़ार कर जिंदगी किसी तरह सामने अब तेरे हसने लगे
भुला कर तुम्हें गुनाह मैं भी कर सकता नहीं बढ़ा के अरमां दिल के राह ए तलब दर्द कुछ और हम तुमसे कहने लगे
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3 घंटे पहले

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