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नवजात शिशु

                
                                                         
                            ईश्वर ने कैसे ऐसे भेजा,
                                                                 
                            
बिलकुल असहाय, पूरी तरह से निर्भर
शुन्य से सुरवात, दिया ही क्या है दूध पीने की कला।
वो भी अगर कोई पिला दे तो,
रोने की कला जो किसी को समझ ना आये।
कितना निर्भर है ये हमारा नवजात,
किसी और प्राणी को नही दिया ऐसे,
फिर केसे एक छोटे से प्राणी को केवल इंसान को दे दिया,
और केसे उस को सीखने की इतनी बुद्धि दे दी,
18 साल तक वो सबसे बुद्धिमत् प्राणी बन जाएगा
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2 दिन पहले

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