शुरू शुरू में तो सब कुछ अच्छा लगता था तुम्हें और मुझे,
लेकिन बाद में मिला आंसू, और कसमें, वादे, भरोसे का बहाना,
मुझे अपना सुख,दुख संभलकर बांटना चाहिए था तुम्हारे साथ,
पर मुझे नहीं मालूम था यह स्क्रीन शॉट का जमाना है, सनम,
मैं दिल से अपना सब कुछ जताता रहा, और तुम मजाक समझती रही,
मैं वक्त बिताना चाहता था तेरे साथ, पर तुम मेरे पास मतलब से आती रही,
मैं ने बहुत कोशिश अपने रिश्ते को बचाने की, तुम्हारे पास आने की,
पर तुम्हारे पास दूर जाने का तैयार हजार बहाना है सनम,
मुझे अपना सुख,दुख संभलकर बांटना चाहिए था तुम्हारे साथ,
मुझे नहीं मालूम था स्क्रीन शॉट का जमाना है सनम,
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