जनता जब जगती है
सरकारें उखड़ने लगती है
जनता में असीम बल है
जनता ही हमारा संबल है
मिट्टी में बसते हैं भगवान
हैं भगवान हमारे किसान
जो पैदा करते अन्न और जवान
सीमा पर तैनात जवान
हैं अधिकतर किसान
के अमृत संतान।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
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