{"_id":"6acce0a187f37b71d906a87d","slug":"gopalganj-visa-fraud-3-crore-250-people-cheated-2026-10-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"बिहार: विदेश भेजने के नाम पर तीन करोड़ की ठगी, 250 लोगों को लगाया चूना; जमा-पूंजी गंवाकर भटक रहे लोग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बिहार: विदेश भेजने के नाम पर तीन करोड़ की ठगी, 250 लोगों को लगाया चूना; जमा-पूंजी गंवाकर भटक रहे लोग
Mon, 12 Oct 2026 07:00 PM IST
तरुणेंद्र कुमार चतुर्वेदी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोपालगंज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोपालगंज
Published by: तरुणेंद्र कुमार चतुर्वेदी
Updated Mon, 12 Oct 2026 07:00 PM IST
गोपालगंज में विदेश भेजने और वीजा दिलाने के नाम पर करीब 250 लोगों से तीन करोड़ रुपये से अधिक की ठगी का मामला सामने आया है। आरोप है कि जादोपुर रोड स्थित अमारा ग्लोबल सर्विस एजेंसी ने विदेश भेजने का झांसा देकर लोगों से रकम वसूली। पीड़ितों ने नगर थाना में शिकायत दर्ज कराई है।
विज्ञापन
अपराध
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
गोपालगंज शहर में विदेश भेजने और वीजा दिलाने के नाम पर करीब 250 लोगों से तीन करोड़ रुपये से अधिक की ठगी का मामला सामने आया है। यह पूरी ठगी शहर के जादोपुर रोड स्थित होटल कैलाश के पास एक भवन में संचालित अमारा ग्लोबल सर्विस नामक एजेंसी के माध्यम से की गई है। पीड़ितों ने इस संबंध में नगर थाना में शिकायत दर्ज कराई है। हालांकि, पुलिस की पूरी जांच के बाद ही ठगी की वास्तविक राशि और पीड़ितों की कुल संख्या स्पष्ट हो सकेगी।
झांसा देकर जुटाई रकम
पीड़ितों के अनुसार, अमारा ग्लोबल सर्विस की ओर से विदेश भेजने का भरोसा दिलाकर उनसे अलग-अलग रकम ली गई थी। विदेश जाने की उम्मीद में कई मोहल्लों और दूर-दराज के इलाकों से आए लोगों ने अपनी मेहनत की जमा-पूंजी इस एजेंसी को सौंप दी थी। जब काफी समय बीत गया और लोगों ने अपने वीजा के संबंध में जानकारी मांगनी शुरू की, तो कथित एजेंट ने उन्हें दिल्ली आने को कहा। एजेंसी के इस झांसे में आकर पीड़ित लोग अपने सपनों को पूरा करने की उम्मीद के साथ दिल्ली पहुंच गए।
दिल्ली बुलाकर बंद किया फोन
दिल्ली पहुंचते ही पीड़ितों के साथ बड़ा धोखा हुआ। एजेंट ने अचानक अपना मोबाइल फोन बंद कर दिया और संपर्क से पूरी तरह बाहर हो गया। इसके बाद जब लोगों ने गोपालगंज शहर स्थित एजेंसी के कार्यालय के बारे में पता किया, तो वह कार्यालय भी पूरी तरह बंद मिला। कार्यालय बंद होने और कर्मियों के फरार होने की जानकारी मिलते ही पीड़ितों को अपने साथ हुई बड़ी ठगी का अहसास हुआ। इसके बाद शहर के विभिन्न मोहल्लों और दूसरे स्थानों से आए पीड़ित लोग बंद पड़े कार्यालय के पास जुटने लगे।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- बिहार: सुरक्षा के बीच थाने में गोलीकांड, होमगार्ड जवान की मौत; जानें किस बात को लेकर हुआ था विवाद?
थाने पहुंचे पीड़ित लोग
पीड़ितों ने एजेंसी के कार्यालय के पास पहुंचकर जमकर हंगामा किया और अपने रुपये वापस दिलाने की मांग उठाई। एजेंट के संपर्क से बाहर होने और कार्यालय बंद होने के कारण पीड़ितों के सामने गहरा आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। इसके बाद सभी पीड़ित न्याय की गुहार लगाने नगर थाना पहुंचे और कथित एजेंट के खिलाफ शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। पीड़ितों ने पुलिस से अपने रुपये वापस कराने और मामले की निष्पक्ष जांच कराने की गुहार लगाई। नगर थानाध्यक्ष प्रवीण प्रभाकर ने पीड़ितों को मामले की जांच कर कार्रवाई करने का भरोसा दिया है।
विज्ञापन
झांसा देकर जुटाई रकम
पीड़ितों के अनुसार, अमारा ग्लोबल सर्विस की ओर से विदेश भेजने का भरोसा दिलाकर उनसे अलग-अलग रकम ली गई थी। विदेश जाने की उम्मीद में कई मोहल्लों और दूर-दराज के इलाकों से आए लोगों ने अपनी मेहनत की जमा-पूंजी इस एजेंसी को सौंप दी थी। जब काफी समय बीत गया और लोगों ने अपने वीजा के संबंध में जानकारी मांगनी शुरू की, तो कथित एजेंट ने उन्हें दिल्ली आने को कहा। एजेंसी के इस झांसे में आकर पीड़ित लोग अपने सपनों को पूरा करने की उम्मीद के साथ दिल्ली पहुंच गए।
विज्ञापन
दिल्ली बुलाकर बंद किया फोन
दिल्ली पहुंचते ही पीड़ितों के साथ बड़ा धोखा हुआ। एजेंट ने अचानक अपना मोबाइल फोन बंद कर दिया और संपर्क से पूरी तरह बाहर हो गया। इसके बाद जब लोगों ने गोपालगंज शहर स्थित एजेंसी के कार्यालय के बारे में पता किया, तो वह कार्यालय भी पूरी तरह बंद मिला। कार्यालय बंद होने और कर्मियों के फरार होने की जानकारी मिलते ही पीड़ितों को अपने साथ हुई बड़ी ठगी का अहसास हुआ। इसके बाद शहर के विभिन्न मोहल्लों और दूसरे स्थानों से आए पीड़ित लोग बंद पड़े कार्यालय के पास जुटने लगे।
विज्ञापन
ये भी पढ़ें- बिहार: सुरक्षा के बीच थाने में गोलीकांड, होमगार्ड जवान की मौत; जानें किस बात को लेकर हुआ था विवाद?
थाने पहुंचे पीड़ित लोग
पीड़ितों ने एजेंसी के कार्यालय के पास पहुंचकर जमकर हंगामा किया और अपने रुपये वापस दिलाने की मांग उठाई। एजेंट के संपर्क से बाहर होने और कार्यालय बंद होने के कारण पीड़ितों के सामने गहरा आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। इसके बाद सभी पीड़ित न्याय की गुहार लगाने नगर थाना पहुंचे और कथित एजेंट के खिलाफ शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की। पीड़ितों ने पुलिस से अपने रुपये वापस कराने और मामले की निष्पक्ष जांच कराने की गुहार लगाई। नगर थानाध्यक्ष प्रवीण प्रभाकर ने पीड़ितों को मामले की जांच कर कार्रवाई करने का भरोसा दिया है।