गर्भवती महिला की मौत के मामले में अमर उजाला में समाचार प्रकाशित होने के बाद टीम के पहुंचने से पहले बुधवार को निजी अस्पताल पर ताला लटकता मिला। उधर विभाग ने अस्पताल संचालक को चिहिन्त कर उसे नोटिस देने की कवायद में जुट गया है। सितंबर माह के बाद स्वास्थ्य विभाग द्वारा बिना पंजीयन के संचालित अस्पताल पर यह बीते चार माह में पहली कार्रवाई है। विभाग का दावा है कि मधुबन तहसील में जल्द ही टीम बनाकर बिना पंजीयन के संचालित अस्पतालों पर कार्रवाई की जाएगी।वहीं यह बंद अस्पताल बीते दो साल में तीन बार अपनी जगह बदला लेकिन इसको लेकर जिम्मेदारों को कोई भनक तक नहीं हो सकी।