शराब और सिगरेट से दूरी, बेहद जरूरी
रेस्पिरेटरी वार्ड प्रभारी डॉ. राजीव गुप्ता के मुताबिक, स्वस्थ व्यक्ति भी चलने पर हांफने लगते हैं, ऐसे में हृदय रोगियों के लिए यह स्थिति और खतरनाक है। चिकना, तला-भुना और मसालेदार भोजन छोड़कर हल्का और सुपाच्य आहार लें। शुगर और बीपी के मरीज नियमित दवा लें और अपनी जांच कराते रहें।
सर्दी में धूम्रपान और शराब दिल के लिए सबसे खतरनाक साबित हो सकते हैं। शराब शरीर का तापमान गिराती है, जिससे ठंड का असर बढ़ता है। सिगरेट रक्त धमनियों को और संकुचित कर देती है। हृदय रोगी सुबह-शाम टहलने से परहेज करें। घर में हल्का व्यायाम करें।
जिला अस्पताल के प्रभारी एडी एसआईसी डॉ. अजय मोहन अग्रवाल ने बताया कि हृदय, फेफड़े और गठिया-बाय के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। तीन-चार लेयर में कपड़े पहनें और गर्दन व सिर को भी ढककर रखें। इससे सुन्नपन की समस्या से काफी राहत मिलेगी। लकवा जैसी स्थिति में कोताही न बरतें। डॉक्टर को दिखाएं।
सही खान-पान से होगी सुरक्षा
वरिष्ठ चेस्ट फिजिशियन डॉ. हरपाल सिंह के अनुसार इस मौसम में सही खानपान दिल की सुरक्षा में अहम भूमिका निभाती है। मल्टीग्रेन आटा, अलग-अलग कोल्ड प्रेस्ड तेल, मौसमी फल-सब्जियां, मेवे और हल्का प्रोटीन दिल को मजबूत रखते हैं। लाल मिर्च, मैदा, फास्ट फूड और मीठे पेय से दूरी बनाना जरूरी है। घर में एयर प्यूरीफायर लगाना या ऑक्सीजन देने वाले इनडोर पौधे रखना भी लाभकारी हो सकता है।