अयोध्या। राम मंदिर चढ़ावा चोरी प्रकरण में आरोपियों की ओर से रिमांड पर की गई आपत्ति को लेकर बुधवार को कोर्ट ने सुनवाई की। इस दौरान आरोपियों के अधिवक्ता लीगल एड डिफेंस कौंसिल डिप्टी चीफ कुलशेखर सिंह की ओर से कहा गया कि पुलिस की ओर से दाखिल की रिपोर्ट पर अलग से कोई आपत्ति उन्हें अब दाखिल नहीं करना है।
विशेष न्यायाधीश भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम रजत वर्मा ने मामले की सुनवाई के बाद मामले के विवेचक आशुतोष तिवारी को संपूर्ण केस डायरी के साथ अदालत में उपस्थित होने का आदेश पारित किया। साथ ही अगली सुनवाई के लिए 25 अगस्त की तारीख नियत की गई।
उल्लेखनीय है कि जेल में निरुद्ध आरोपी रमा शंकर यादव उर्फ टिन्नू, अविनाश, अनुकल्प, लवकुश, मनीष कुमार, करुणेश पांडेय, रमाशंकर मिश्रा व सुभाष श्रीवास्तव की ओर से रिमांड पर सवाल उठाते हुए सात अगस्त को अदालत में प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया था।
प्रार्थना पत्र में कहा गया था कि मामले के विवेचक की ओर से गलत धाराओं में रिमांड प्रस्तुत किया गया है। जिस कारण से आरोपी न्यायिक अभिरक्षा में जेल में निरुद्ध हैं। आरोपियों पर लगाए गए आरोपों में अधिकतम सजा सात साल है। बचाव पक्ष पैरवी कर रहे अधिवक्ता ने आरोपियों को उचित अपराध में ही रिमांड की मंजूरी दिए जाने का अनुरोध कोर्ट से किया गया था।