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Car Ownership Transfer: पुरानी कार बेच रहे हैं या खरीद रहे हैं? पांच आसान चरणों में ऐसे करें ओनरशिप ट्रांसफर

Wed, 19 Nov 2025 09:33 PM IST
अमर शर्मा ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

पुरानी कार बेचते या खरीदते समय सबसे जरूरी काम होता है कार के स्वामित्व (ओनरशिप) को ट्रांसफर करना। अगर आप यह पांच कदम सही तरीके से फॉलो करते हैं, तो पुरानी कार खरीदने या बेचने की प्रक्रिया पूरी तरह आसान और सुरक्षित हो जाती है।
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Vehicle Registration Certificate - फोटो : Freepik
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विस्तार
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पुरानी कार बेचते या खरीदते समय सबसे जरूरी काम होता है कार के स्वामित्व (ओनरशिप) को ट्रांसफर करना। कई लोग इन दस्तावेजों का काम सही तरीके से पूरा कर देते हैं, लेकिन कुछ इसे नजरअंदाज कर देते हैं, जो आगे चलकर कानूनी परेशानी बन सकता है। इसलिए, कार का मालिकाना हक बदलवाना विक्रेता और खरीदार दोनों पक्षों के लिए अनिवार्य है।
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कैसे होता है ओनरशिप ट्रांसफर
विक्रेता और खरीदार दोनों को मिलकर जरूरी फॉर्म भरने होते हैं। विक्रेता को कार का मूल रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (आरसी), बीमा, पीयूसीसी (PUCC), और अपनी पहचान व पते का प्रमाण देना होता है। खरीदार भी अपनी आईडी और पता प्रमाण जमा करता है। इसके बाद आरटीओ दस्तावेजों की जांच कर नए मालिक के नाम पर नया आरसी जारी करता है।

ट्रांसफर प्रोसेस चलने के दौरान खरीदार कार चला सकता है, बशर्ते उसके पास मूल आरसी, वैध बीमा और वैध पीयूसीसी हो। ध्यान रहे, ट्रांसफर आवेदन आरटीओ में 30 दिनों के अंदर जमा करें, वरना पेनल्टी लग सकती है।

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ओनरशिप ट्रांसफर की प्रक्रिया- 5 आसान स्टेप्स
1. जरूरी फॉर्म भरें और जमा करें
  • आरटीओ या परिवहन सेवा (Parivahan) वेबसाइट से फॉर्म 29 और फॉर्म 30 भरें।
  • अगर कार दूसरे राज्य में ट्रांसफर हो रही है तो एनओसी (Form 28) जरूरी है।
  • कार पर लोन हो तो बैंक से एनओसी और फॉर्म 35 भी लगाना होगा।

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2. सभी दस्तावेज तैयार करें
विक्रेता को देने होंगे:
  • मूल आरसी
  • वैध बीमा
  • वैध पीयूसीसी
खरीदार को देने होंगे:
  • आईडी प्रूफ
  • पता प्रमाण
  • पासपोर्ट साइज फोटो
कई राज्यों में पैन कार्ड / फॉर्म 60/61 और ट्रैफिक पुलिस की चालान क्लियरेंस रिपोर्ट भी लग सकती है।

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3. दस्तावेज आरटीओ में जमा करें
सभी फॉर्म और दस्तावेज खरीदार के नए आरटीओ में जमा किए जाते हैं। यह काम ऑनलाइन भी शुरू किया जा सकता है, लेकिन हस्ताक्षर वाले हार्ड कॉपी दस्तावेज आरटीओ जाकर जमा करना अनिवार्य है।

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4. फीस और बकाया भुगतान करें
ओनरशिप ट्रांसफर की फीस खरीदार को देनी होती है। इसके अलावा कार से जुड़े किसी भी बकाया टैक्स या चालान को क्लियर करना जरूरी है, वरना ट्रांसफर प्रक्रिया अटक सकती है।

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5. नया आरसी प्राप्त करें
आरटीओ दोनों पक्षों के दस्तावेज सत्यापित करेगा और प्रक्रिया पूरी होने पर खरीदार के नाम पर नया आरसी जारी करेगा।

अगर आप यह पांच कदम सही तरीके से फॉलो करते हैं, तो पुरानी कार खरीदने या बेचने की प्रक्रिया पूरी तरह आसान और सुरक्षित हो जाती है।

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