फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Cricket ›   Cricket News ›   IND vs SL: India Vs Sri Lanka 2nd Test match likely pitch report at Sinhalese Sports Club Colombo

IND vs SL: क्या गॉल जैसी ही होगी कोलंबो की पिच, दूसरे टेस्ट में बल्लेबाज या गेंदबाज किसे मिल सकता है फायदा?

Thu, 20 Aug 2026 09:38 PM IST
शोभित चतुर्वेदी स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, कोलंबो
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, कोलंबो Published by: शोभित चतुर्वेदी Updated Thu, 20 Aug 2026 09:38 PM IST
सार
Register For Event

भारत और श्रीलंका के बीच 23 अगस्त से दूसरा टेस्ट मैच खेला जाना है। भारतीय टीम पहले ही सीरीज में 1-0 से आगे है और उसकी नजरें सीरीज अपने नाम करने पर टिकी होंगी। इस बात की चर्चा अधिक हो रही है कि कोलंबो टेस्ट के लिए कैसी पिच तैयार की जा सकती है।

विज्ञापन
IND vs SL: India Vs Sri Lanka 2nd Test match likely pitch report at Sinhalese Sports Club Colombo
भारत बनाम श्रीलंका - फोटो : BCCI

विस्तार

भारतीय बल्लेबाजों की स्पिन के खिलाफ परेशानी का फायदा उठाने के लिए भले ही धूल भरी पिच तैयार करने का लालच हो, लेकिन दूसरे टेस्ट के लिए सिन्हलीज स्पोर्ट्स क्लब (एसएससी) का विकेट गॉल की पिच जैसा हो सकता है। गॉल में खेले गए पहले टेस्ट मैच में बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों को बराबर मौके मिले थे। पहला टेस्ट भारत ने पांचवें और अंतिम दिन 165 रन से जीता था। इस दौरान पिच पर प्राकृतिक टूट-फूट के अलावा ऐसी कोई विशेष परेशानी नहीं थी जिससे बल्लेबाजों के लिए मुश्किल पैदा हो।
विज्ञापन

श्रीलंकाई अधिकारियों का मानना है कि 23 अगस्त से शुरू होने वाले दूसरे टेस्ट के लिए जरूरत से ज्यादा स्पिन की मददगार पिच तैयार करना उलटा पड़ सकता है। श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) के एक अधिकारी ने कहा, फिलहाल सोच यही है कि गॉल जैसी संतुलित पिच तैयार की जाए। श्रीलंका के पास दिनेश चांदीमल, कुसल मेंडिस और पाथुम निसांका जैसे कुछ अनुभवी खिलाड़ी भी नहीं हैं, इसलिए हमें अपने युवा बल्लेबाजों को भी मौका देना होगा। बेशक अंत में यह इस बात पर निर्भर करेगा कि टीम मैच के लिए क्या चाहती है, यानी ऐसा विकेट जो उसे जीतने और सीरीज बराबर करने का सबसे अच्छा मौका दे।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोलंबो में बल्लेबाजों का रहता है दबदबा
वर्ष 2000 के दशक में एसएससी की पिचों पर बल्लेबाजों का दबदबा रहता था और यह मैदान घरेलू टीम का एक तरह का गढ़ माना जाता था। श्रीलंका ने 1999 से 2009 के बीच इस मैदान पर 12 टेस्ट खेले, जिनमें से छह में जीत दर्ज की और बाकी छह मुकाबले ड्रॉ रहे। रणनीति सरल थी। कुमार संगकारा और महेला जयवर्धने जैसे बल्लेबाज बड़ी पारियां खेलते थे, जबकि महान स्पिनर मुथैया मुरलीधरन की अगुआई में सक्षम स्पिन आक्रमण विपक्षी टीम पर शिकंजा कसता था। लेकिन इन दिग्गजों के संन्यास लेने के बाद पिच का मिजाज भी बदल गया।
विज्ञापन

मैच में टॉस की भूमिका रहेगी अहम
अगले दशक में श्रीलंका इस मैदान पर खेले गए सात टेस्ट में सिर्फ तीन जीत सका और चार में उसे हार का सामना करना पड़ा। दरअसल दो बार भारत और पाकिस्तान के खिलाफ उसे पहली पारी में 400 से अधिक रन की बढ़त गंवानी पड़ी। श्रीलंका ने दक्षिण अफ्रीका (2018), ऑस्ट्रेलिया (2016) और बांग्लादेश (2025) जैसी टीमों के खिलाफ जीत दर्ज की, जिन्होंने इन मुकाबलों में खराब क्रिकेट खेला था। लेकिन दिग्गज खिलाड़यों के दौर के बाद भारत (दो बार), इंग्लैंड और पाकिस्तान जैसी टीमों को इस मैदान पर मेजबान टीम के खिलाफ आसानी से रन बनाने का मौका मिला। दूसरे टेस्ट में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिल सकता है और ऐसे में टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम फायदे की स्थिति में रह सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें क्रिकेट समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। क्रिकेट जगत की अन्य खबरें जैसे क्रिकेट मैच लाइव स्कोरकार्ड, टीम और प्लेयर्स की आईसीसी रैंकिंग आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed