अमेरिका ने ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के मुख्यालय को पूरी तरह तबाह कर दिया है। अमेरिकी सेना ने इसे 'सांप का सिर काटना' बताया। अमेरिका के अनुसार, यह संगठन 1,000 से ज्यादा अमेरिकियों की मौत का जिम्मेदार था।
अमेरिका और इजराइल के ईरान पर हमलों के बाद पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ता जा रहा है। अमेरिकी सेना ने अब ईरान पर अपने हमले और तेज कर दिए हैं। अमेरिका ने दावा किया कि उसने ईरान की सबसे ताकतवर सैन्य इकाई इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के मुख्यालय को पूरी तरह मलबे में बदल दिया है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने इस बड़े हमले की पुष्टि की है।
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सेंट्रल कमांड ने अपने बयान में इस ऑपरेशन को 'सांप का सिर काटने' जैसा बताया है। अमेरिका का कहना है कि आईआरजीसी पिछले 47 वर्षों में 1,000 से ज्यादा अमेरिकी नागरिकों और सैनिकों की हत्या के लिए जिम्मेदार रहा है और हालिया कार्रवाई उसी के खिलाफ की गई है। अमेरिकी सेना ने साफ कर दिया है कि इस भीषण प्रहार के बाद अब ईरान में आईआरजीसी का कोई भी मुख्यालय सुरक्षित नहीं बचा है।
अमेरिकी अधिकारियों ने कहा कि उनकी सेना दुनिया की सबसे शक्तिशाली ताकत है। उन्होंने चेतावनी दी कि अमेरिकी हितों को नुकसान पहुंचाने वालों को इसी तरह का अंजाम भुगतना होगा। इस हमले ने ईरान के सैन्य ढांचे को गहरी चोट पहुंचाई है।