अब या तो यूक्रेनी सेना को दोनबास इलाके से लौटना होगा या फिर सैनिकों को रूसी फौज के हाथों कत्ल-ए-आम के लिए खुद को तैयार करना होगा। इस परिस्थिति के कारण यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदीमीर जेलेंस्की एक बड़ी दुविधा में फंस गए हैं। खबरों के मुताबिक यूक्रेन की सेना के सामने कुआं या खाई में से एक के चुनाव की स्थिति खड़ी होती दिख रही है।