चीन के महात्वाकांक्षी ‘वन बेल्ट वन रोड’ फोरम में भारत ने नहीं शामिल होने का फैसला किया है। अपने इस फैसले के पीछे भारत ने पीओके में आर्थिक गलियारे के निर्माण पर संप्रभुता को ठेस पहुंचने का हवाला दिया। गौरतलब है कि भारत, जापान और भूटान को छोडक़र लगभग सभी देश इस फोरम में शिरकत कर रहे हैं, जिनमें अमेरिका भी शामिल है। चीन अगले पांच वर्षों में इस आर्थिक गलियारे पर भारी निवेश करने वाला है। आइए, आपको दिखाते हैं कि क्या है ये ‘वन बेल्ट वन रोड’ प्रोजेक्ट।