पिथौरागढ़ जिले भर की भोजनमाताओं ने जिला मुख्यालय पहुंचकर 18 हजार रुपये मानदेय सहित अन्य मांगों के लिए प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि बगैर पारिश्रमिक के सरकार उनसे अतिरिक्त काम करा रही है और सुविधाएं देने से हाथ पीछे खींचे जा रहे हैं। सोमवार को जिले भर की भोजनमाता संगठन की अध्यक्ष जानकी भंडारी के नेतृत्व में नगर के रामलीला मैदान में एकत्र हुईं और सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि वे लंबे समय से 18 हजार रुपये मानेदय, शीतकालीन और ग्रीष्मकालीन अवकाश, ड्रेस और जूते देने की मांग कर रही हैं लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। उन्होंने कहा कि उन्हें स्कूलों तक राशन और सिलिंडर का ढुलान करना पड़ता है लेकिन इसके एवज में कोई भाड़ा नहीं दिया जाता है। विद्यालयों में उनसे शौलालयों की सफाई के साथ ही घंटी बजाने का कार्य लिया जा रहा है जो नियमों के खिलाफ है। चुनावों में मतदान केंद्र बनाए गए विद्यालयों में उनसे मतदान कर्मियों के लिए खाना बनवाया जाता है लेकिन इसके बदले उन्हें कोई पारिश्रमिक नहीं मिलता है। विद्यालयों के अधिकांश रसोईघरों में बिजली और पानी की व्यवस्था नहीं है। ऐसे में उन्हें दिक्कत झेलनी पड़ रही है। उन्होंने शीघ्र इन सभी मांगों को पूरा करने और समस्याओं के समाधान की मांग की। भोजनमाताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं हुईं तो वे कार्य बहिष्कार कर आंदोलन शुरू कर देंगी। प्रदर्शन करने वालों में माया देवी, आनंदी देवी, लक्ष्मी देवी, पुष्पा उपाध्याय, मीना देवी, पार्वती गड़कोटी, ललिता, गीता बिष्ट, मीना देवी, सुनीता देवी, रेनू देवी सहित कई भोजनमाताएं शामिल रहीं।