श्रीनगर। पौड़ी रोड पर स्थित एसएसबी फायरिंग रेंज से सटे जंगल में मंगलवार रात को अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग की लपटें आंचल डेयरी के ऊपर स्थित जल संस्थान के पानी के टैंक तक पहुंच गईं। हैरत की बात यह है कि इस घटना स्थल से वन विभाग का तहसील परिसर स्थित कार्यालय महज 500 मीटर की दूरी पर है, लेकिन विभाग को इस सुलगती आग की भनक तक नहीं लगी। मंगलवार रात से शुरू हुई आग बुधवार दोपहर करीब एक बजे तक लगी रही। लगभग 15 घंटे तक जंगल का यह हिस्सा धू-धू कर जलता रहा, लेकिन आग को बुझाया नहीं गया। जब इस संबंध में विभाग के अधिकारियों से बात की गई तो उन्होने खुद को मीटिंग में व्यस्त बताते हुए मामले से पूरी तरह अनभिज्ञता जता दी। वहीं, जब रेंजर मनोज रावत से फोन पर बात की गई, तो उनका तर्क हैरान करने वाला था। रेंजर का कहना था कि वन विभाग का फायर सीजन 15 फरवरी से 15 जून तक ही होता है, जो अब खत्म हो चुका है। ऐसे में आग बुझाने वाले फायर वाचर वापस लौट चुके हैं और अब बचे हुए स्टाफ से ही काम चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अब टीम भेजकर आग बुझाने का प्रयास किया जाएगा।