कांवड़ यात्रा के दौरान शिवभक्तों की आस्था और मन्नतों की अलग-अलग कहानियां सामने आ रही हैं। समालखा निवासी भीम सिंह इस बार 15वीं बार कांवड़ लेकर हरिद्वार से लौट रहे हैं। खास बात यह है कि उनके साथ उनके बेटे हरीश एडवोकेट ने भी कांवड़ उठाई है। भीम सिंह ने बताया कि इस बार वह अपने बेटे की शादी की मन्नत लेकर कांवड़ ला रहे हैं। उन्हें पूरा विश्वास है कि भगवान भोले शंकर उनकी मनोकामना जरूर पूरी करेंगे। पिता-पुत्र दोनों कांवड़ लेकर भगवान शिव के जयकारे लगाते हुए अपने गंतव्य की ओर बढ़ रहे हैं। लगातार 15वीं बार कांवड़ यात्रा पूरी कर रहे भीम सिंह की आस्था और बेटे के साथ उनकी यात्रा अन्य शिवभक्तों के लिए भी आकर्षण का केंद्र बनी हुई है।