विद्युत निगमों के निजीकरण के विरोध में शुक्रवार को बिजली कर्मियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। इस दौरान बिजली के निजीकरण के लिए लाए गए इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट बिल 2025 एवं श्रम संहिता के विरोध में आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया गया। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के पदाधिकारी इंजीनियर दीनानाथ मिश्रा ने कहा कि देश की दस प्रमुख केन्द्रीय ट्रेड यूनियनों ने श्रम संहिता एवं इलेक्ट्रिसिटी अमेंडमेंट बिल 2025 और किसानों की मांगों को लेकर संयुक्त किसान मोर्चा के साथ मिलकर राष्ट्रव्यापी हड़ताल का निर्णय लिया गया है।