प्रथम शिव महापुराण महायज्ञ के अवसर के शुभारम्भ अवसर पर ठाकुरद्वारा मंदिर से कलश यात्रा निकाली गई, भजनो पर नृत्य करते हुए यात्रा, बडाबाजार, कोर्ट रोड से होते हुए भूमिया मंदिर पर सम्पन्न हुईं l भूमिया मंदिर के मैदान पर पूजन और महा अभिषेक के बाद कथा प्रारंभ हुईं कथावाचक ईशान ज्योतिष गुरु आचार्य मनोज जोशी ने शिव पुराण के महत्व का वर्णन किया कहा कि बिना शिव कृपा के कुछ भी संभव नहीं है शिव नाम ही कल्याण पद है शिव नाम की महिमा बताते हुए महात्मय का वर्णन किया और महात्मय की कथा सुनाएं मनुष्य का जो जीवन है उसे जीवन में किस प्रकार से शिव की प्राप्ति होती है और कैलाश धाम को जीव पहुंच पाता है देवराज ब्राह्मण की कथा सुनाएं किस प्रकार देवराज ब्राह्मण का शिव कथा को सुनकर के उद्धार हुआ, शिव महिमा का गुणगान किया