आगरा के स्वामीबाग में स्वामीजी महाराज की पवित्र समाध के बाहर सुबह 10 बजे से पहले ही श्रद्धालुओं ने दर्शन के लिए कतार लगानी शुरू कर दी। सुबह 10 बजे जैसे ही समाध का मुख्य द्वार दर्शनार्थियों के लिए खोला गया, लोगों ने गेट की सीढि़यों पर ही श्रद्धा से सिर झुकाया और पवित्र समाध के दर्शन कर खुद को धन्य माना। पहले दिन 1888 लोगों ने पवित्र समाध के दर्शन किए। संगमरमर पर उकेरे गए अनठे इनले वर्क और शानदार पच्चीकारी की मिसाल बन चुके स्वामीबाग समाध का गेट खोलने से पहले राधास्वामी सत्संग ने मुख्य द्वार पर सत्संग किया। प्रसाद बांटा। राधास्वामी सत्संग की सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव काउंसिल के सचिव एसएस भट्टाचार्य ने प्रवेश की पूरी व्यवस्था देखी और आधार कार्ड आदि के जरिए किए गए प्रवेश के साथ दिव्यांगों के लिए व्हीलचेयर उपलब्ध कराए। पवित्र समाध को दिखाने और इनले वर्क समेत आर्किटेक्चर को समझाने के लिए सेवादार भी मौजूद रहे। कोरोना काल में गेट बंद होने के बाद पहली बार पवित्र समाध को आम लोगों के लिए खोला गया है।