1999 के कारगिल युद्ध में देश की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर सैनिकों की स्मृति में विकास मंच पंजाब द्वारा शनिवार को तरनतारन में विजय दिवस की 27वीं वर्षगांठ श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाई गई। यह समारोह अमृतसर बाईपास स्थित कारगिल चौक पर विकास मंच पंजाब की कार्यकारी अध्यक्ष श्रीमती नवजोत कौर हुंदल के नेतृत्व तथा वरिष्ठ समाजसेवी एवं पूर्व लेक्चरर सुखवंत सिंह धामी के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान तरनतारन और अमृतसर जिले के कारगिल वीरों की तस्वीरों पर पुष्पचक्र अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। विकास मंच पंजाब के सदस्यों, गणमान्य नागरिकों तथा एक्स सर्विसमैन लीग के पदाधिकारियों और पूर्व सैनिकों ने भी कारगिल के अमर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए उनके अद्वितीय साहस और बलिदान को नमन किया। अपने संबोधन में श्रीमती नवजोत कौर हुंदल और सुखवंत सिंह धामी ने कहा कि 26 जुलाई 1999 का 'ऑपरेशन विजय' भारत के इतिहास का स्वर्णिम अध्याय है। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना ने दुर्गम पहाड़ियों पर कब्जा जमाए पाकिस्तानी घुसपैठियों को परास्त कर देश की सीमाओं की रक्षा की और लगभग 513 वीर जवानों ने अपने प्राणों की आहुति देकर मातृभूमि की अखंडता और सम्मान की रक्षा की। उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा।