रायबरेली में फतेहपुर के रहने वाले हरिओम की हत्या का मामला तूल पकड़ रहा है। पुलिस ने अपने को बचाने के लिए घटना की जांच तेज कर दी है। वहीं, दोषी पुलिसकर्मियों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। घटना में लापरवाही बरतने पर सोमवार को गदागंज थाने के एक दरोगा और डॉयल-112 में तैनात सिपाही को सस्पेंड कर दिया गया। मामले में अब कुल मिलाकर पांच पुलिसकर्मियों पर निलंबन की कार्रवाई हो चुकी है, जबकि कोतवाल को भी हटाया जा चुका है। यही नहीं पुलिस गैर इरादतन हत्या के मामले को हत्या की धारा में तरमीम कर दिया है। बुधवार रात डाड़ेपुर मजरे ईश्वरदासपुर गांव के ग्रामीणों ने हरिओम को चोर समझकर पीट-पीटकर मारा डाला था। घटना को लेकर पुलिस पर लापरवाही के आरोप लग रहे हैं। इतनी बड़ी वारदात के छह दिन बाद सोमवार को फोरेंसिक टीम गांव पहुंचकर पड़ताल की। वहीं एसपी डॉ.यशवीर सिंह ने गदागंज थाने में तैनात एसआई प्रेम सिंह और पीआरवी 1770 में तैनात सिपाही जय सिंह यादव को निलंबित कर दिया है। उधर मृतक की पत्नी पिंकी और बेटी अराध्या को इंसाफ की दरकार है। अभी तक प्रशासनिक स्तर से कोई मदद परिवार को नहीं दी गई है। केवल कांग्रेस ही मामले को गर्म किए हुए है।