उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के तकवा गांव में एक दिव्यांग राजू रहते हैं। राजू की ये शारीरिक स्थित जन्म से ही है। इसके बावजूद राजू ने हिम्मत नहीं हारी और अपनी पढ़ाई की। लेकिन राजू पॉलिटिकल पार्टीज से काफी नाराज हैं क्योंकि कोई भी पार्टी दिव्यांगों के लिए कुछ नहीं करती और इसीलिए राजू इन पॉलिटिकल पार्टीज को चुनौती देने के मूड में हैं।