गाड़ागुशैण डिग्री कॉलेज के भवन निर्माण में हो रही देरी और अनियमितताओं के विरोध में वीरवार को गाड़ागुशैण बस स्टैंड पर एसएफआई, नौजवान सभा, किसान-बागवान संगठन तथा क्षेत्रीय जनता ने सामूहिक उपवास किया। पिछले एक माह से स्थानीय लोग और छात्र डिग्री कॉलेज भवन निर्माण को लेकर आंदोलनरत हैं। आंदोलन के तीसरे चरण के तहत वीरवार सामूहिक उपवास रखा गया, जिसे भारी जनसमर्थन मिला। कार्यक्रम को नौजवान सभा राज्य सचिव महेंद्र सिंह राणा, एसएफआई नेता डोला सिंह, नौजवान लकी, ग्राम पंचायत सराज के आत्मा राम तथा एसएफआई पूर्व राज्य कमेटी सदस्य छापे राम ने संबोधित किया। वक्ताओं ने कहा कि 2014 में कॉलेज की घोषणा के साथ भवन निर्माण के लिए 5 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए थे, लेकिन निर्माण कार्य अभी तक पूरा नहीं हो पाया है। पिछले 10 वर्षों से भवन अधूरा पड़ा है और निर्माण सामग्री सड़ रही है। कई क्विंटल सरिया मिट्टी में दबा हुआ है और बिना शटरिंग के सरिया भवन में लटक रहा है, जिससे भवन गिरने की स्थिति में पहुंच गया है। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि पिछली भाजपा सरकार ने कॉलेज के लिए अतिरिक्त धनराशि उपलब्ध नहीं करवाई और स्वीकृत धन का भी दुरुपयोग किया गया। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश लोक निर्माण विभाग के मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने स्वयं निरीक्षण किया था, लेकिन उसके छह महीने बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं हो पाया है। उनका कहना है कि अधिकारी व ठेकेदार मिलीभगत से बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार कर रहे हैं और विभाग इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। कॉलेज भवन न होने से छात्रों को कुल्लू, मंडी, बंजारा और छतरी जाना पड़ता है। छात्र संख्या लगातार घट रही है। उपवास के दौरान छात्रों ने बस स्टैंड पर ही अध्ययन किया, जो प्रशासन के लिए संदेश है कि वे पढ़ाई का हक लेकर रहेंगे। आंदोलनकारियों ने कहा कि संघर्ष तब तक जारी रहेगा जब तक कॉलेज भवन निर्माण शुरू नहीं होता। आंदोलनकारियों ने 6 नवंबर को अधिशासी अभियंता बंजार का घेराव करने का निर्णय लिया है और कहा कि उत्पन्न परिस्थिति की पूरी जिम्मेदारी सरकार और प्रशासन की होगी। सामूहिक उपवास में नौजवान सभा बाली अध्यक्ष देवेंद्र कुमार, अमन कुमार, मनमोहन सिंह, चाचढ़ार पंचायत के पूर्व प्रधान श्री मेघ सिंह, चंद्रप्रकाश डोगरा सहित अन्य मौजूद रहे।