सावन माह के चौथे सोमवार को लडभड़ोल तहसील क्षेत्र के विभिन्न शिवालयों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। सुबह होते ही मंदिरों में भक्तों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की पूजा-अर्चना कर बेलपत्र अर्पित किए और सुख-समृद्धि की कामना की। मंदिर परिसर और आसपास का क्षेत्र दिनभर ‘बम-बम भोले’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयकारों से गूंजता रहा। क्षेत्र के प्रमुख शिव मंदिरों नागेश्वर महादेव कुड्ड, त्रिवेणी महादेव मंदिर घटोड़, लक्ष्मी नारायण मंदिर दलेड़ और अख्लेश्वर महादेव बनांदर में सुबह से ही शिवभक्तों की कतारें लगनी शुरू हो गईं। श्रद्धालुओं ने अपनी बारी का इंतजार कर भगवान शिव के दर्शन किए और विधिवत पूजा-अर्चना की। नागेश्वर महादेव कुड्ड और लक्ष्मी नारायण मंदिर दलेड़ में श्रद्धालुओं की विशेष भीड़ रही। भक्तों ने शिवलिंग पर बेलपत्र अर्पित कर भगवान शिव से परिवार की सुख-शांति और समृद्धि की प्रार्थना की। दूरदराज क्षेत्रों से भी श्रद्धालु मंदिरों में पहुंचे। कई भक्त सुबह जल्दी घरों से निकलकर मंदिर पहुंचे और पूजा-अर्चना के बाद प्रसाद ग्रहण किया। सावन सोमवार के पावन अवसर पर नागेश्वर महादेव मंदिर कुड्ड और त्रिवेणी महादेव मंदिर घटोड़ में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। यहां दर्शन के बाद श्रद्धालुओं ने भंडारे का प्रसाद ग्रहण किया। नागेश्वर महादेव मंदिर कुड्ड के थानापति विमल गिरी ने बताया कि सावन के चौथे सोमवार को विशेष धार्मिक महत्व होने के कारण मंदिर में सुबह से ही बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते रहे। हजारों भक्तों ने कतार में लगकर भगवान भोलेनाथ के दर्शन किए। दर्शन के बाद श्रद्धालुओं ने भंडारे में प्रसाद ग्रहण किया। श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या को देखते हुए मंदिर समितियों की ओर से भी विशेष व्यवस्थाएं की गई थीं। दर्शन के लिए कतार व्यवस्था बनाए रखने के साथ श्रद्धालुओं की सुविधा और भंडारे के संचालन का भी ध्यान रखा गया। सावन सोमवार के कारण पूरे क्षेत्र में धार्मिक उत्साह और भक्ति का माहौल बना रहा।