जनगणना-2027 के पहले चरण में प्रगणकों व सुपरवाइजरों को प्रशिक्षित करने के लिए शुक्रवार को पुराने कन्या स्कूल के भवन में कार्यशाला का आयोजन हुआ। कार्यशाला में जिला राजस्व अधिकारी नरेश कुमार पटियाल ने 16 जून से 15 जुलाई तक होने वाली मकानों के सूचीकरण एवं मकान गणना की प्रक्रिया के बारे में जानकारी दी । उन्होंने कहा किसी भी राष्ट्र के लिए जनगणना एक बहुत ही महत्वपूर्ण कार्य होता है। जनगणना के दौरान प्राप्त आंकड़ों के आधार पर ही सरकारी योजनाएं तैयार की जाती हैं। सभी प्रगणक एवं सुपरवाइजर फील्ड में जाकर सही डाटा एकत्रित करें और इसकी तुरंत ऑनलाइन अपलोडिंग सुनिश्चित करें। इस बार की जनगणना की प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल बनाया गया है और इसमें लोगों को कंप्यूटर-लैपटॉप या मोबाइल से ऑनलाइन स्वयं की जानकारी अपलोड करने का विकल्प भी दिया गया है। सभी परिवारों के मुखिया या अन्य लोग 15 जून तक अपने मकानों एवं भवनों से संबंधित जानकारी स्वयं इस पोर्टल पर भर सकते हैं। इसके पूरा होते ही संबंधित व्यक्ति की एक आईडी जनरेट होगी। 16 जून से 15 जुलाई के बीच जब प्रगणक मकानों के सूचीकरण के लिए आएंगे तो उन्हें यह आईडी दिखाकर मकान की गणना की प्रक्रिया को तुरंत पूर्ण करवाया जा सकता है।