तेज आंधी और बारिश के कारण चिरमिरी में कई पेड़ जड़ सहित धराशायी हो गए। इन पेड़ों के गिरने से तीन दुकानें और दो मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं। पोड़ी क्षेत्र में लोगों की मुसीबतें बढ़ गई हैं। क्षतिग्रस्त मकानों में एक समाज सेवी विधान चौधरी का घर भी शामिल है। उनके मकान पर एक नीलगिरि का पेड़ जड़ सहित उखड़कर गिर गया। इससे उनके घर को काफी नुकसान हुआ है। पूजा घर की छत पूरी तरह टूट गई है। रसोई कमरा और बाउंड्री वॉल भी क्षतिग्रस्त हो गए हैं। पेड़ गिरने की सूचना निगम अमला और प्रशासन को दी गई थी। लगभग 24 घंटे बीत जाने के बाद भी विधान चौधरी के घर कोई नहीं पहुंचा। निगम द्वारा पेड़ हटाने का कोई कार्य नहीं किया गया है। आंधी-तूफान से व्यापक नुकसान चिरमिरी के पोड़ी क्षेत्र में तेज आंधी और बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया। जगह-जगह कॉलोनियों में पेड़ गिरने से व्यापक क्षति हुई है। कुल तीन दुकानों को नुकसान पहुंचा है। इसके अतिरिक्त, दो मकान भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। विधान चौधरी के घर पर गिरे पेड़ से उनके पूजा घर की छत पूरी तरह ध्वस्त हो गई। रसोई का कमरा और बाउंड्री वॉल भी बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। प्रशासन की अनदेखी और मुआवजे की मांग पेड़ गिरने की सूचना निगम और प्रशासन को तत्काल दी गई थी। सूचना के लगभग 24 घंटे बाद भी कोई अधिकारी या कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचा। विधान चौधरी ने बताया कि पेड़ अभी भी जस का तस गिरा हुआ है। निगम द्वारा इसे हटाने के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया है। उन्होंने प्रशासन से हुए नुकसान के लिए उचित मुआवजे की मांग की है। यह घटना स्थानीय प्रशासन की लापरवाही को दर्शाती है।