सिद्धार्थनगर। शहर में साड़ी तिराहे से हाईडिल तिराहे तक करीब ढाई किमी सड़क अब फोरलेन हो गई है। सड़क का निर्माण तो पूरा कर लिया गया, लेकिन नाला और बगल में बन रहे पटरी का काम अभी अधूरा है। काम की जो गति है, अगर जल्द पूरा नहीं हुआ तो बरसात शुरू होने को डेढ़ माह है। ऐसे में काम ठप हो जाएगा, इससे जहां जलभराव की समस्या हो जाएगी, वहीं शहर के लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।
नगर का अशोक मार्ग पर को फोरलेन में तब्दील हो गया था। 10 मीटर से बढ़ाकर 16.5 मीटर चौड़ी और महानगरों की तर्ज पर बीच में चौड़ा डिवाइडर और फूल लाइटिंग की योजना बनी है। करीब 10 करोड़ रुपये की इस योजना को शुरू हुई सवा साल से अधिक का समय गुजर चुका है। अभी तक ढाई किलोमीटर सड़क का काम पूरा नहीं हो पाया है। किसी प्रकार से सड़क तो बना दिया गया। अभी नाली कई जगहों पर अधूरी है। नाली को नाली से कनेक्ट नहीं किया गया। इसके साथ ही नाली में ढ़क्कन भी हर जगह नहीं लग सका है।
वहीं, सड़क के अलावा दोनों तरफ बना रहा फुटपाथ पर अभी अधूरा है। उसका निर्माण भी पूरा नहीं हुआ है। एक बार की बारिश के बाद पूरा जलभराव का शिकार हो जाता है। ऐसे में मानसून की बारिश शुरू होने को डेढ़ माह का वक्त बचा हुआ है। ऐसे में अगर काम समय पर नहीं पूरा हुआ तो सबसे बड़ी समस्या जल निकासी की उत्पन्न होगी। शहर से आने वाली पर ठहर जाएगा। ऐसे में जलनिकासी की समस्या से जुझना पड़ेगा। वहीं, जो काम अधूरा पड़ा हुआ है, वह पूरा करने में फिर नवंबर माह का इंतजार करना होगा।
नगर के दिनेश कुमार, मनोहर और इम्तियाज ने बताया कि ढाई किलोमीटर सड़क के निर्माण में इतना दिन लग गया है। अगर नाली का काम नहीं हुआ तो शहर का पानी ठहर जाएगा। क्योंकि, कई मोहल्लों का पानी इधर से ही निकलता है। इससे जहां मोहल्लों में दिक्कत होगी। वहीं, जो सड़क बनी है, उसका भी क्षति पहुंचेगी। बारिश के पहले काम पूरा करने की जरुरत है, जिससे आने- जाने वालों को सहूलियत मिल सके और आने वाले परेशानी को रोका जा सके।
इस संबंध में एनएचएआई के एई जयशंकर सिंह ने बताया कि काम चल रहा है, जल्द ही काम को पूरा कर लिया जाएगा।