पोलैंड में सीसीएसयू की कुलपति ने रखा सतत विकास का रोडमैप, भारत-पोलैंड शैक्षणिक सहयोग पर दिया जो
पोलैंड में पोजनान यूनिवर्सिटी ऑफ लाइफ साइंसेज के अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में सीसीएसयू की कुलपति ने किया आह
संवाद न्यूज एजेंसी
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला ने पोलैंड की पोजनान यूनिवर्सिटी ऑफ लाइफ साइंसेज (पीयूएलएस) में आयोजित अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में भारत-पोलैंड के बीच पर्यावरण संरक्षण, वैज्ञानिक अनुसंधान और शैक्षणिक सहयोग को नई दिशा देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों की साझेदारी वैश्विक सतत विकास का प्रभावी मॉडल बन सकती है।
सम्मेलन में मुख्य वक्ता के रूप में प्रो. शुक्ला ने कहा कि जलवायु परिवर्तन, जैव विविधता का क्षरण, जल संकट और असंतुलित विकास जैसी वैश्विक चुनौतियों का समाधान किसी एक देश के प्रयासों से संभव नहीं है। इसके लिए शोध आधारित अंतरराष्ट्रीय सहयोग और साझा नवाचार आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के विश्वविद्यालय संयुक्त शोध, छात्र एवं शिक्षक आदान-प्रदान, नवाचार और साझा परियोजनाओं के माध्यम से वैश्विक स्तर पर महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।
सम्मेलन के दौरान सीसीएसयू प्रतिनिधिमंडल ने पोजनान यूनिवर्सिटी ऑफ लाइफ साइंसेज के वरिष्ठ पदाधिकारियों के साथ बैठक भी की। प्रो. शुक्ला ने कहा कि विश्वविद्यालय केवल शिक्षा के केंद्र नहीं, बल्कि सामाजिक परिवर्तन और नवाचार के प्रमुख संस्थान हैं। यदि वैश्विक विश्वविद्यालय मिलकर कार्य करें तो मानवता के सामने मौजूद अनेक चुनौतियों का प्रभावी समाधान निकाला जा सकता है। कुलपति के साथ निदेशक शोध प्रो. बीरपाल सिंह और प्रो. जितेंद्र सिंह भी पोलैंड के शैक्षणिक दौरे पर हैं, जहां विभिन्न विश्वविद्यालयों के साथ सहयोग संबंधी समझौतों की प्रक्रिया जारी है।