लहचूरा थाना पुलिस ने एक संवेदनशील व अमानवीय हत्याकांड का पर्दाफाश करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है। भांजे ने अपने चचेरे साले व उसके दोस्त के साथ 65 वर्षीय बुजुर्ग का अपहरण कर उसकी हत्या कर दी। इसके बाद पहचान छुपाने के उद्देश्य से शव को पड़ोसी राज्य मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में ले जाकर पेट्रोल डालकर जला दिया। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई कार भी बरामद कर ली है।
आरोपी ने फोन पर दी थी 5 दिन में जान से मारने की धमकी
पुलिस के अनुसार ग्राम दिदवारा थाना महोबकंठ, महोबा निवासी 65 वर्षीय नेपाल सिंह तोमर 30 साल से लहचूरा थाना क्षेत्र के ग्राम धमनापायक में मानसिक रूप से कमजोर अपने बहनोई के घर रहकर उनके घर-परिवार की देखरेख करते थे। वह अविवाहित थे। बहन सुधा देवी के बेटे मृतक के भांजे प्रीतम को अपने मामा नेपाल का वहां रहना नागवार गुजर रहा था। आरोप है कि 27 जून को प्रीतम ने नेपाल के बड़े भाई वीर सिंह को फोन कर धमकी दी थी कि अपने भाई नेपाल को यहां से ले जाओ, नहीं तो मैं पांच दिन में जान से मार डालूंगा, 29 जून को प्रात: लगभग 4 बजे बहन सुधा ने देखा कि नेपाल अचानक अपने बिस्तर से लापता हो गए। बहन ने लहचूरा थाने में गुमशुदगी का मामला दर्ज करवाया था।
साक्ष्य मिटाने के लिए हत्या के बाद शव जलाया
स्थानीय स्तर पर छानबीन करने पर पता चला कि 29 जून को रात लगभग सवा एक बजे भांजा प्रीतम अपने कुछ साथियों के साथ लाल रंग की मारुति कार में नेपाल को जबरन बैठाकर ले गया था। आरोपियों ने नेपाल को मध्य प्रदेश के अलीपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत देवरी बांध के आगे करारा गंज गांव के मौजा के एक खेत में ले जाकर मार डाला। इसके बाद साक्ष्य मिटाने और पहचान छुपाने की नीयत से शव पर पेट्रोल डालकर उसे बुरी तरह जला दिया। 1 जुलाई को मध्य प्रदेश की अलीपुरा पुलिस को एक जला हुआ शव मिलने की सूचना मिली। तब मृतक के भाई वीर सिंह ने अलीपुरा थाने जाकर फोटो और मौके पर मिली चादर से शिनाख्त की, तो वह शव नेपाल का ही निकला। इसके बाद पीड़ित भाई वीर सिंह तोमर की तहरीर पर 3 जुलाई को लहचूरा पुलिस ने मामला किया।
भाग रहे आरोपियों को घेराबंदी कर पुलिस ने पकड़ा
शनिवार को लहचूरा पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि हत्या के आरोपी क्षेत्र से भागने की फिराक में हैं। सूचना पाकर थाना प्रभारी निरीक्षक सरिता मिश्रा पुलिस टीम के साथ ग्राम धमनापायक से तिलैरा के रास्ते मऊरानीपुर की ओर जाने वाले मार्ग पर स्थित झाड़ी बाबा तिराहा के पास पहुंचकर घेराबंदी की। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दो आरोपियों को दबोच लिया। पूछताछ में पकड़े गए आरोपियों ने जुर्म कबूल करते हुए अपने नाम थाना लहचूरा के ग्राम धमनापायक निवासी प्रीतम सिंह पायक, टोड़ीफतेहपुर के ग्राम मवई निवासी प्रीतम का चचेरा साला गोलू उर्फ राजा सिंह बताया, जबकि एक अन्य आरोपी सकेरा थाना निवाड़ी मध्यप्रदेश निवासी अनुज फरार है। पुलिस टीम में उप निरीक्षक कैलाशचंद्र, रमेशचंद्र गौतम आदि मौजूद रहे।