एक्सप्रेस-वे के सुरक्षा अधिकारी राजेंद्र प्रसाद पांडेय ने बताया कि कानपुर से लोहे के रोल लादकर जयपुर की ओर जा रहे ट्रक-ट्रेलर को चालक जीतू निवासी गंदेर, भीलवाड़ा, राजस्थान चला रहा था। इसी दौरान पीछे से आ रही तेज रफ्तार स्लीपर बस ने उसे पीछे से टक्कर मारी। दुर्घटना के बाद चीख-पुकार मच गई। सूचना मिलते ही यूपीडा गश्ती दल, डायल 112, थाना नगला खंगर पुलिस, सिरसागंज से फायर ब्रिगेड की गाड़ी और क्षेत्राधिकारी सिरसागंज तत्काल मौके पर पहुंचे।
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बस का चालक गुरी निवासी पारसो, पंजाब स्टीयरिंग और केबिन के बीच में बुरी तरह फंस गया था। पुलिस और यूपीडा की एटलस सेफ्टी टीम ने रिकवरी वैन, हाइड्रा और जेसीबी मशीन की मदद से भारी मशक्कत के बाद चालक को बाहर निकाला। गंभीर रूप से घायल चालक गुरी और केबिन में बैठे व्यक्ति सहित अन्य नाजुक घायलों को एसएसडी एंबुलेंस व 108 एंबुलेंस के जरिए पीजीआई सैफई और संयुक्त चिकित्सालय भेजा गया, जहां उपचार के दौरान दोनों की मौत हो गई। घायल करीब 30 से 40 यात्रियों को सीएचसी शिकोहाबाद और अन्य नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया। घायलों की मदद और बेहतर उपचार सुनिश्चित कराने के लिए सहायक सुरक्षा अधिकारी फूल सिंह और एएसओ अशोक कुमार मिश्रा को अस्पतालों में तैनात किया गया है।
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