बस्ती। अखिल भारतीय राज्य पेंशनर फेडरेशन के आवाह्न पर सेवानिवृत्त कर्मचारियों ने सोमवार को केन्द्रीय 8वें वेतन आयोग के नोटिफिकेशन में पेंशनरों का क्लाज शामिल न किये जाने के विरोध में धरना-प्रदर्शन किया। प्रधानमंत्री को संबोधित तीन सूत्रीय ज्ञापन कीर्ति प्रकाश भारती मुख्य राजस्व अधिकारी को सौंपा। अध्यक्षता पेंशनर एसोसिएशन के संरक्षक श्रीनाथ मिश्र ने की।
जिला मीडिया प्रभारी लक्ष्मीकांत पांडेय ने कहा कि सेवानिवृत्त कर्मचारियों को सरकार की गलत पेंशन नीति का विरोध दर्ज कराना चाहिए। जिलाध्यक्ष नरेन्द्र बहादुर उपाध्याय ने कहा कि 8वें वतन आयोग के नोटिफिकेशन में पेंशनरों का क्लाज जब तक नही शामिल किया जायेगा, तब तक एसोसिएशन का विरोध जारी रहेगा। भेजे गए ज्ञापन में पेंशन पुनरीक्षण एवं अन्य पेंशनरी लाभों को सम्मिलित किये जाने की मांग की गई। संचालन जिलामंत्री उदय प्रताप पाल ने किया।
वक्ताओं ने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से जारी नोटिफिकेशन में कर्मचारियों एवं शिक्षक पेंशनरों को शामिल न किया जाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। सरकार की त्रृटिपूर्ण पेंशन नीति किसी कीमत पर बर्दाश्त नही की जाएगी और सकारात्मक परिणामों तक संघर्ष जारी रहेगा। माध्यमिक शिक्षक संघ के प्रांतीय महामंत्री अनिरूद्ध त्रिपाठी ने कहा कि सरकार पेंशनरों के धैर्य की परीक्षा न ले नहीं तो प्रदेश मुख्यालय पर अपनी ताकत और एकजुटता दिखाएंगे।
माध्यमिक शिक्ष संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष मारकंडेय सिंह ने कहा कर्मचारियों व शिक्षकों को पेंशन देना सरकार की जिम्मेदारी है खैरात नहीं। राज्य कर्मचारी महासंघ के जिला अध्यक्ष सुनील कुमार पांडेय न कहा कि लड़ाई लंबी है लेकिन अंत में विजय हमारी होगी। उपाध्यक्ष अशोक कुमार मिश्र ने कहा कि अंशदायी और गैर अंशदायी, परिभाषित करके सरकार पेंशनरों को बांटने की चाल चल रही है।
इं. एसके श्रीवास्तव, सुभाषचन्द्र श्रीवास्तव, चन्द्रप्रकाश पांडेय, गणेशदत्त शुक्ल, नरेन्द्रदेव मिश्र, अयोध्या प्रसाद यादव, देवनरायन प्रजापति, उदयराज वर्मा, श्रवण कुमार श्रीवास्तव, रामनरायन चौधरी, घनश्याम व अन्य माैजूद रहे।