आंवला। एडीएम (प्रशासन) पूर्णिमा सिंह की अध्यक्षता में हुए संपूर्ण समाधान दिवस में 67 शिकायतें दर्ज हुईं। इनमें से मात्र आठ का ही निस्तारण किया गया। सर्वाधिक 26 शिकायतें राजस्व विभाग से संबंधित रहीं। भाकियू (शंकर गुट) के प्रताप सिंह ने रेलवे स्टेशन रोड स्थित तेल डिपो के बाहर खडे़ होने वाले टैंकरों से राहगीरों को हो रही परेशानी से निजात दिलाने की मांग की। वकीलों व कातिब पदम सिंह, साबिर कातिब आदि ने ई-निबंधन व्यवस्था के विरोध में कार्य से विरत रहते हुए सीएम को संबोधित ज्ञापन समाधान दिवस अधिकारी को दिया। नंदगांव निवासी लाखन ने कृषि भूमि का फर्जी दस्तावेजों के आधार पर बैनामा कराने की शिकायत की है। एडीएम ने बताया कि भूमि संबंधी विवादों के लिए धारा 24 के तहत वाद दायर करके पैमाइश कराकर निस्तारण कराया जाएगा। सभागार में एसडीएम विदुषी सिंह, तहसीलदार ब्रजेश वर्मा, सीओ नितिन कुमार मौजूद रहे।
अनुपस्थित अधिकारियों से मांगा स्पष्टीकरण - एडीएम ने बताया कि संपूर्ण समाधान दिवस में अनुपस्थित रहे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र आंवला व भमोरा के प्रभारी, खंड शिक्षा अधिकारी आंवला व रामनगर, सहायक विकास अधिकारी कृषि विकास खंड आलमपुर जाफराबाद से स्पष्टीकरण मांग गया है। अगले तीन दिन में स्पष्टीकरण का जवाब नहीं मिला, तो डीएम से वेतन रोकने की संस्तुति की जाएगी। एडीएम ने बताया कि पिछले दिनों एसडीएम ने अस्पताल का औचक निरीक्षण किया, तब भी सीएचसी प्रभारी आंवला मौजूद नहीं थे।
गांव में किया निरीक्षण - एडीएम (प्रशासन) एसडीएम के साथ तिगराखानपुर गांव पहुंचीं। आईजीआरएस पर पुनर्जीवित शिकायत के संबंध में निरीक्षण किया। एसडीएम ने बताया कि गांव में बरसात में जल निकासी की समस्या की शिकायत थी। फिलहाल अस्थायी समाधान के निर्देश दे दिए गए हैं।