आशा कार्यकर्ता भुगतान वाउचर कबाड़ी को देने पर गंगापुर की सहायक पर भी कार्रवाई
बरेली। जिम्मेदारियों के निर्वहन में लापरवाही बरत रहीं अलग-अलग स्वास्थ्य केंद्रों पर तैनात 11 आशा कार्यकर्ताओं की सेवा जिलाधिकारी ने समाप्त कर दी है। साथ ही, आशा कार्यकर्ता के भुगतान वाउचर को कबाड़ी के लिए देने पर गंगापुर की सहायक की भी सेवा समाप्त होगी। कलक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में ये निर्देश जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने दिए।
जिन कर्मियों पर कार्रवाई हुई है उनमें यूपीएचसी की वर्षा सक्सेना (जाटवपुरा), रानी और प्रभा पाल (बहेड़ी), साधना शर्मा, चांदनी रस्तोगी और कल्पना (जसौली), आशा देवी (सिविल लाइंस) डौली (घेर जाफर खां) के साथ ही सीएचसी में बिथरी चैनपुर की मोना (गिरधारीपुर), निरंजना (पदाराथपुर), आशा रजनी (अहिलादपुर) शामिल हैं।
गंगापुर की संविदा सपोर्ट स्टाफ ज्योति प्रकाश के आशा भुगतान वाउचर को रद्दी में देने की पुष्टि पर सेवा समाप्ति के निर्देश दिए। इनकी कार्य और दायित्व में लापरवाही संबंधी रिपोर्ट सीएचसी अधीक्षक और शहरी क्षेत्र के चिकित्साधिकारियों ने बीते दिनों सौंपी थी। ।
बच्चे के टीकाकरण के बदले पिता ने मांगे 10 हजार रुपये
नियमित टीकाकरण समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी को टीकाकरण विरोधी परिवारों की सूची जिला पूर्ति अधिकारी को देने की जानकारी दी गई। उन्होंने एसडीएम को विरोधी परिवारों के खिलाफ कार्रवाई के लिए निर्देश दिए। बहेड़ी के ब्लॉक शेरगढ़ में एक व्यक्ति से बच्चे के टीकाकरण के बदले 10 हजार रुपये मांगने की जानकारी मिलने पर जिलाधिकारी ने कार्रवाई के निर्देश दिए।
आशा कार्यकर्ता की निगरानी शुरू, संस्थागत प्रसव बढ़े
आशा कार्यकर्ताओं के कार्यों की निगरानी शुरू होने के बाद अब संस्थागत प्रसव भी बढ़े हैं। जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा में जनवरी से सितंबर तक के सापेक्ष अक्तूबर में संस्थागत प्रसव अपेक्षाकृत ज्यादा रहे। आशा कार्यकर्ता भुगतान की समीक्षा में सीएमओ डॉ. विश्राम सिंह ने बताया कि अक्तूबर तक का भुगतान शासन से जारी हो चुका है। इसे जल्द खातों में भेजा जाएगा। सितंबर तक का पूरा भुगतान हो गया है। ब्यूरो