तारुन। एसटीएफ के साथ मुठभेड़ में मारे गए पूर्वांचल के कुख्यात अपराधी भानु प्रताप सिंह उर्फ बब्लू के तारुन क्षेत्र में पहुंचने की पूरी कहानी सामने आ गई है। लुधियाना कनेक्शन के जरिये वह अगस्त 2025 में तारुन आया और घूरीटीकर गांव में पहचान छिपाकर रहने लगा। थाना प्रभारी देवेंद्र पांडेय ने बताया कि अगस्त 2025 में भानु प्रताप अपने क्षेत्र के राकेश के साथ हरिपुर निवासी महेश गौड़ के संपर्क में आया। राकेश और महेश गौड़ कई सालों से लुधियाना में साथ काम करते थे। राकेश के साथ आने से महेश गौड़ को भानु पर कोई शंका नहीं हुई। महेश ने उस पर भरोसा कर लिया। इसके बाद महेश गौड़ के जरिये वह धरमपुर निवासी बादुल्ला अंसारी के घूरीटीकर स्थित मकान में किराये पर रहने लगा। बताया कि क्लीनिक चलाने के कारण उनकी गतिविधियां सामान्य थीं और किसी को उन पर शंका नहीं हुई। (संवाद)