जिला अस्पताल की ओपीडी में मरीजों का इलाज करते हड्डी रोग विशेषज्ञ। संवाद
अमेेठी सिटी। ठंड की वजह से आर्थराइटिस (गठिया) संग सर्वाइकल के मरीजों की परेशानी बढ़ रही है। जिला अस्पताल में घुटना, कमर दर्द व हड्डी रोग से पीड़ित बुजुर्ग मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है।
जिला अस्पताल में हड्डी रोग विशेषज्ञ की ओपीडी में मरीजों की भीड़ बढ़ गई है। पहले औसतन 100 मरीजों की ओपीडी होती थी, जो अब 150 पार हो गई है। हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. हनुमान प्रसाद ने बताया कि आर्थराइटिस की वजह से सर्दी के मौसम में जोड़ों में सूजन आ जाती है, इसके चलते मरीजों को असहनीय दर्द होता है। इस दर्द का असर सेहत पर भी धीरे-धीरे दिखने लगता है।
आर्थराइटिस के कारण जोड़ों में मौजूद कार्टिलेज धीरे-धीरे क्षतिग्रस्त होने लगती है और इस वजह से हड्डियां आपस में एक-दूसरे से घिसने या रगड़ने लगती हैं। इसके अलावा सर्दी बढ़ने पर शरीर में सूजन भी होने लगती है। बुजुर्गों के अलावा आजकल युवाओं में भी ये समस्या देखने का मिल रही है। ठंड में नसों के सिकुड़ने से सर्वाइकल के मरीजों की भी दिक्कते बढ़ जाती है। ऐसे में ठंड के मौसम में इस रोग से पीड़ित मरीजों को परहेज करने की जरूरत है। इसके लिए आवश्यक है कि ऊनी कपड़े पहने और गुनगुने पानी से स्नान करें।
हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव शुक्ल ने बताया कि सर्दियों में तापमान में कमी के कारण नसें सिकुड़ जाती हैं और विटामिन डी की कमी वाले लोगों में हड्डियों और जोड़ों का दर्द बढ़ जाता है। सर्दियों में धूप लोगों को हड्डी और जोड़ों के दर्द से बचाएगी। सुबह या दोपहर को बुजुर्ग धूप जरूर लें।